मासूम था मैं सब कुछ भूल कर टूट कर तुमसे प्यार किया
तुम्हें क्या पता कि कितनों ने मेरे पीठ पीछे वार किया
गम नहीं है उनका क्योंकि वह अपने नहीं थे
पर तुम तो अपने थे ना
फिर तुमने क्यों ऐसा आचार् किया।।
पता है तुम्हे भूलने की जद्दोजहद में मैने खुद को भुला दिया
क्या किया ऐ जिंदगी तूने मुझे रुला दिया।। 1।।
अब ऐसा प्यार नहीं होगा, फिर यह संसार नहीं होगा
देखेगी दुनिया सारी अब ,यह अवतार नहीं होगा
घिस घिसकर रेत बनूं ,मैं ऐसी चट्टान नहीं
जो उड़ा बादलों को ले जाए
मैं ऐसा तूफान नहीं
एहसास नहीं था मुझे प्रेम का जो तेरी नफरत ने मुझे करा दिया
अब नफरत मैं तुमको सिख लाऊंगा जो तुमने मुझे सिखा दिया पता है तुम्हें भूलने की जद्दोजहद में मैने खुद को भुला दिया
क्या किया ऐ जिंदगी तूने मुझे रुला दिया।। 2।।
तुम्हें क्या पता कि कितनों ने मेरे पीठ पीछे वार किया
गम नहीं है उनका क्योंकि वह अपने नहीं थे
पर तुम तो अपने थे ना
फिर तुमने क्यों ऐसा आचार् किया।।
पता है तुम्हे भूलने की जद्दोजहद में मैने खुद को भुला दिया
क्या किया ऐ जिंदगी तूने मुझे रुला दिया।। 1।।
अब ऐसा प्यार नहीं होगा, फिर यह संसार नहीं होगा
देखेगी दुनिया सारी अब ,यह अवतार नहीं होगा
घिस घिसकर रेत बनूं ,मैं ऐसी चट्टान नहीं
जो उड़ा बादलों को ले जाए
मैं ऐसा तूफान नहीं
एहसास नहीं था मुझे प्रेम का जो तेरी नफरत ने मुझे करा दिया
अब नफरत मैं तुमको सिख लाऊंगा जो तुमने मुझे सिखा दिया पता है तुम्हें भूलने की जद्दोजहद में मैने खुद को भुला दिया
क्या किया ऐ जिंदगी तूने मुझे रुला दिया।। 2।।

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